Bhartiya Parmapara

Sangeeta Darak

Sangeeta Darak
Sangeeta Darak

राजनीति में स्नातकोत्तर। सकारात्मक सोच के साथ जिम्मेदारियों का निर्वाह करते हुए एक कुशल दक्ष गृहणी। सामाजिक और सांस्कृतिक मंच पर हर समय अपना योगदान देने हेतु तत्पर साथ ही अपनी प्रगति को ले प्रयत्नशील। बागबानी, पढ़ने का शौक, लेखन और साहित्य के प्रति रुचि इनकी खासियत हैं। इनका मानना है हर वर्ग तक अपनी बात पहुँचाने का लेखन एक सशक्त माध्यम है। 1992 में जब अयोध्या विवाद की गर्म हवाओं ने मेरी कलम को आंच दी और लिखने को प्रेरित किया, तब पहली कविता लिखी और ये सफर फिर अनवरत चलता रहा। विभिन्न विषयों पर पत्र पत्रिकाओं में प्रकाशन होता रहा। आज मेरा एक पोएट्री ब्लॉग है - Sprash by poetry sangeetamaheshwari नाम से जिस पर 100 से अधिक रचनाये आप पढ़ सकते हैं ।

दो जून की रोटी

दो जून की रोटी

गोल-गोल रोटी जिसने पूरी दुनिया को अपने पीछे गोल-गोल घुमा रखा है। यह रोटी कब बनी यह कहना थोड़ा मुश्किल है पर हाँ, जब से भी बनी है तब से हमारी भूख मिटा रही है। आज दो जून क...

बात प्रेम की

बात प्रेम की

बात प्रेम की .....

बसन्त ऋतु में प्रकृति ने प्रेम की चादर ओढ़ ली, जब प्रकृति ही प्रेममय है तो फिर इस प्रेम से कोई कैसे बचे।

प्रेम, प्यार, उल्फत, मोहब्बत, इश्क व लव

न जाने कि...

मकर संक्रांति का त्यौहार

मकर संक्रांति का त्यौहार

यूँ तो सृष्टि के कण-कण में ईश्वर का वास है। लेकिन सूर्य और चन्द्रमा ईश्वर के दिव्यचक्षु सदृश है। जब-जब सूर्य की स्थिति में परिवर्तन होता है, हम प्रभावित होते हैं। ऐसा ह...

माहेश्वरी उत्पत्ति दिवस | महेश नवमी | माहेश्वरी

माहेश्वरी उत्पत्ति दिवस | महेश नवमी | माहेश्वरी

आइए भारतीय परंपरा के साथ एक और गौरवशाली परंपरा की बात करते हैं इस देश के उपवन में कई जाति के भिन्न-भिन्न फूल खिले हैं और यह अलग-अलग होते हुए भी सभी एक हैं और सभी एक दूसरे के भावनाओं का सम्मान करते...

म्हारी गणगौर | Gangaur Puja

म्हारी गणगौर | Gangaur Puja

अभी पूरा देश विषम परिस्थितयों से गुजर रहा है, कोरोना के कारण। लेकिन इन परिस्थितयों में भी धैर्य और हिम्मत हमे मिलती है तो वो हमारी आस्था और ईश्वर पर विश्वास के कारण ही संभव है । हमारे त्योहार और पर...

शीतला सप्तमी/बासोड़ा पूजा | Sheetla Saptami Puja

शीतला सप्तमी/बासोड़ा पूजा | Sheetla Saptami Puja

हमारे भारत देश की बात ही अलग है, यहां ऋतु परिवर्तन भी, त्योहारों के आरंभ से होता है। सप्तमी पूजन के लिए नैवेद्य छठ के दिन दही चावल का मिष्ठान (जिसे औलिया कहा जाता हैं)...

होली के रंग जीवन के संग

होली के रंग जीवन के संग

जैसा कि हम जानते हैं भारत देश त्योहारों का देश है और हर त्योहार के पीछे कोई न कोई वजह या परंपरा जरूर होती है, मार्च महीना चल रहा हैं, बसंत का आगाज हो चुका है, आम के पेड...

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